1) ज्वाला जी मंदिर (कांगड़ा)
देवी: माता ज्वाला (अनन्त ज्योति)
विशेषता: यहाँ प्राकृतिक अग्नि (ज्योति) बिना किसी ईंधन के निरंतर जलती रहती है।
महत्व: 51 शक्तिपीठों में से एक, जहाँ माता सती की जिह्वा (जीभ) गिरी थी।
मुख्य आकर्षण: यहाँ किसी मूर्ति की पूजा नहीं होती, बल्कि ज्योति को ही देवी माना जाता है।